ये क्या हुआ हे मुझे
जो तेरा मधुर संगीत बहा मुझमें .....
तेरी स्तुति की निरंतर गूँजें
जो मौन शांति भर गई मुझमें .....
तेरी कृपा आई बहती हुई
जो बहा ले गई तेरी ओर मुझे.....
तेरी मधुर वाणी की झंकार
जो बजने लगी हजारों में मुझमें .....
अपनी तो सुध ही ना रही
जो तुझे पा लिया था अपने में .....
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